Bada Mangal 2026: साल का आखिरी बड़ा मंगल 23 जून को, जानें हनुमान जी की कृपा पाने का शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और अचूक ज्योतिषीय उपाय


सनातन धर्म में ज्येष्ठ मास के मंगलवार का विशेष महत्व माना गया है। इस महीने पड़ने वाले सभी मंगलवार को 'बड़ा मंगल' या 'बुढ़वा मंगल' के नाम से जाना जाता है। यह दिन संकटमोचन हनुमान जी की आराधना के लिए सर्वोत्तम माना गया है। वर्ष 2026 में ज्येष्ठ मास का अंतिम और साल का आखिरी बड़ा मंगल 23 जून 2026, दिन मंगलवार को पड़ने जा रहा है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ मास के मंगलवार को ही भगवान श्री राम की मुलाकात अपने परम भक्त हनुमान जी से हुई थी। यही कारण है कि इस दिन बजरंगबली की पूजा-अर्चना करने से जीवन के सभी कष्टों और संकटों से तत्काल मुक्ति मिल जाती है। 'RashiX' के इस विशेष लेख में आइए जानते हैं साल के इस अंतिम बड़े मंगल का शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और कुछ बेहद प्रभावशाली ज्योतिषीय उपाय।

साल का आखिरी बड़ा मंगल 2026: तिथि और शुभ मुहूर्त

ज्येष्ठ मास के अंतिम बड़े मंगल की तिथि और पूजा के लिए शुभ चौघड़िया व मुहूर्त इस प्रकार हैं:

  • तिथि: 23 जून 2026, मंगलवार
  • अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:55 बजे से दोपहर 12:51 बजे तक
  • अमृत काल: शाम 05:20 बजे से शाम 07:02 बजे तक
  • संध्या पूजा मुहूर्त: शाम 07:12 बजे से रात 08:35 बजे तक

ज्योतिषीय दृष्टिकोण से इस दिन पूजा करने के लिए अभिजीत मुहूर्त और संध्या काल का समय सबसे उत्तम माना जा रहा है। इस समय की गई पूजा भक्तों को दोगुना फल प्रदान करती है।

बड़ा मंगल पूजा विधि (Step-by-Step Puja Vidhi)

अंतिम बड़े मंगल के दिन हनुमान जी की कृपा प्राप्त करने के लिए नीचे दी गई सरल लेकिन प्रभावशाली पूजा विधि का पालन करें:

  1. ब्रह्म मुहूर्त में स्नान: 23 जून की सुबह सूर्योदय से पूर्व उठकर स्नान करें और लाल या पीले रंग के स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
  2. संकल्प: अपने घर के मंदिर में पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके बैठें और हाथ में जल लेकर हनुमान जी के व्रत या विशेष पूजा का संकल्प लें।
  3. चौकी स्थापना: एक साफ चौकी पर लाल कपड़ा बिछाएं और उस पर हनुमान जी की मूर्ति या चित्र स्थापित करें। साथ ही प्रभु श्री राम और माता सीता के चित्र को भी स्थान दें।
  4. पंचोपचार पूजन: बजरंगबली को सिंदूर, चमेली का तेल, अक्षत, लाल फूल और जनेऊ अर्पित करें।
  5. महाप्रसाद का भोग: हनुमान जी को बूंदी, बेसन के लड्डू, या फिर गुड़-चने का भोग लगाएं। ज्येष्ठ मास के बड़े मंगल पर आम और पूड़ी का भोग लगाना भी अत्यंत शुभ माना जाता है।
  6. पाठ और आरती: हनुमान चालीसा, बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करें। अंत में कपूर और घी के दीपक से हनुमान जी की आरती करें।

अंतिम बड़े मंगल के अचूक ज्योतिषीय उपाय (Astrological Remedies for Bada Mangal)

यदि आपकी कुंडली में मंगल ग्रह कमजोर है, आप शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या से परेशान हैं, या जीवन में निरंतर बाधाएं आ रही हैं, तो 23 जून 2026 को ये उपाय अवश्य करें:

1. कर्ज मुक्ति और धन लाभ के लिए

इस बड़े मंगल के दिन हनुमान जी के मंदिर जाकर उन्हें बनारसी पान का बीड़ा अर्पित करें। इस पान में कत्था, गुलकंद, सौंफ और खोपरा डलवाएं, लेकिन चूना और सुपारी न रखवाएं। इससे रुका हुआ धन वापस मिलता है और कर्ज से मुक्ति मिलती है।

2. मंगल दोष के निवारण हेतु

कुंडली में भारी मंगल दोष या विवाह में आ रही अड़चनों को दूर करने के लिए इस दिन हनुमान जी को चमेली के तेल में घुला हुआ सिंदूर (चोला) चढ़ाएं। इसके साथ ही लाल मसूर की दाल का दान किसी जरूरतमंद को करें।

3. सर्वकार्य सिद्धि के लिए सुंदरकांड का पाठ

साल के इस आखिरी बड़े मंगल पर शाम के समय हनुमान मंदिर में बैठकर सुंदरकांड का पाठ करें। हनुमान जी के सामने मिट्टी के दीपक में सरसों के तेल का दीया जलाएं और उसमें दो लौंग डाल दें। इससे आपके सभी बिगड़े काम बनने लगेंगे।

4. भंडारा और ठंडे जल का वितरण

बड़ा मंगल के दिन राहगीरों को ठंडा पानी, शरबत या भोजन (भंडारे का प्रसाद) खिलाने का अत्यधिक महत्व है। मान्यता है कि जो व्यक्ति ज्येष्ठ के तपते महीने में प्यासों को पानी पिलाता है, हनुमान जी उसके जीवन के सारे कष्ट हर लेते हैं।

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